
देहरादून: आईएसबीटी स्थित आजाद कॉलोनी से तीन महीने पहले संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हुए 22 वर्षीय B.M.RIT तृतीय वर्ष का छात्र मोहम्मद शारिक का कंकाल किमाड़ी से करीब सात किलोमीटर अंदर जंगल में मिला है।
शारिक 17 जुलाई की रात अपने आजाद नगर कॉलोनी स्थित किराए के घर से निकला था जिसके बाद उसका कोई पता नहीं चला।कंकाल मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी है। वहीं, परिजनों ने उसके साथ रहने वाले दो युवकों पर हत्या का आरोप लगाते हुए मामले की गहन जांच की मांग की है।
उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले के शेरकोट का रहने वाला शारिक देहरादून में आजाद कॉलोनी में किराए के कमरे में रहकर ग्राफिक एरा यूनिवर्सिटी से रेडियोथेरेपी टेक्नोलॉजी में बीएससी कर रहा था। जहां से वह 17 जुलाई 2026 की रात करीब 10 बजे अपनी स्कूटी लेकर निकला था।
उस समय वो कहकर गया था कि वह आधे घंटे में वापस आ जाएगा लेकिन इसके बाद वापस नहीं लौटा। युवक के वापस नहीं आने पर परिजनों और उसके साथ रहने वाले युवकों ने उसकी तलाश की। हालांकि, उसका कोई सुराग नहीं मिला और उसका मोबाइल फोन भी बंद आने लगा।
शारिक के लापता होने के अगले दिन 18 जुलाई को उसके परिजन मोहम्मद तारिक ने पटेल नगर कोतवाली में शिकायत दी थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने शारिक की तलाश शुरू की। पुलिस के तलाशने के बाद भी जब शारिक की जानकारी नहीं मिली तो इस मामले में पुलिस ने शारिक के अपहरण की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर दिया।
युवक के परिजनों ने उसके साथ रहने वाले दो युवकों पर हत्या का आरोप लगाया है। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।




